पचपन खंभे लाल दीवारें उपन्यास में अभिव्यक्त स्त्री विमर्श

Authors

  • डॉ. श्रीमाया सी Author

Abstract

महिलाओं पर चर्चा—खासकर महिलाओं और उनके प्रति समाज के नज़रिए को लेकर—लंबे समय से चल रही है; लेकिन आधुनिक दौर में इस विषय ने खास अहमियत हासिल कर ली है। संयुक्त राष्ट्र द्वारा 1975 को "अंतर्राष्ट्रीय महिला वर्ष" घोषित किए जाने के बाद, संगठन के संकल्प के अनुरूप इसे पूरी भावना के साथ मनाया गया। महिलाओं के जीवन के कई पहलू सामने आए और दुनिया भर के जाने-माने लेखकों ने इसे अपनी साहित्यिक रचनाओं का मुख्य विषय बनाया।

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Published

2025-09-30

How to Cite

पचपन खंभे लाल दीवारें उपन्यास में अभिव्यक्त स्त्री विमर्श . (2025). Shodh Utkarsh, 3(11), 08-09. https://shodhutkarsh.com/index.php/s/article/view/281

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