मंडा पर्व का विश्लेषण

Authors

  • देवेंद्र साहू Author

Abstract

झारखंड (नागपुरी परंपरा) के सांस्कृतिक परिदृश्य में, इस त्योहार का अत्यंत महत्वपूर्ण स्थान है। इस त्योहार के दौरान, श्रद्धालु कठोर उपवास रखते हैं। उत्सव की शुरुआत वैशाख माह की अक्षय तृतीया के दिन होती है। भगवान शिव (महादेव भोलेनाथ) को समर्पित यह त्योहार, 'महादेव मांडा' (मंदिर परिसर) में कठोर उपवास, आत्म-अनुशासन और धार्मिक अनुष्ठानों के पालन के साथ मनाया जाता है। इन श्रद्धालुओं के प्रमुख को 'पट भक्त' के नाम से जाना जाता है।

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Published

2024-03-31

How to Cite

मंडा पर्व का विश्लेषण . (2024). Shodh Utkarsh, 2(5), 58-62. https://shodhutkarsh.com/index.php/s/article/view/129