बालको के विकास में बाल पत्रकारिता का योगदान
Abstract
बच्चे देश का आईना होते हैं; वे देश की मुस्कान का प्रतीक हैं। बच्चों में ही वर्तमान आकार लेता है और उन्हीं में भविष्य के बीज बोए जा सकते हैं। पत्रकारिता के मूल उद्देश्य हैं - जानकारी देना, शिक्षित करना और मनोरंजन करना; पत्रकारिता का सार इन्हीं तीन लक्ष्यों में समाहित है। इसलिए, यह हमारा कर्तव्य है कि हम अपने वर्तमान और भविष्य को सुनहरा और समृद्ध बनाएं, ताकि हमारा देश दुनिया के लिए एक मिसाल बन सके। बच्चे की प्रगति ही असल में समाज और राष्ट्र की प्रगति है।







